लक्षण
- ट्यूनिंग के जल्द बाद पियानो की पिच गिरती है और वह बेसुरा हो जाता है
- नई खटखट, खड़खड़ाहट या भिनभिनाते सुर
- ढीली, डगमगाती कुंजियाँ या ढीला, ज़्यादा शोर करने वाला एक्शन
- साउंडबोर्ड या केस की फ़िनिश में दिखती दरारें
- ट्यूनिंग पिन जो टेक्नीशियन को ढीले लगते हैं
संभावित वजहें
साउंडबोर्ड का सिकुड़ना
सूखने पर साउंडबोर्ड अपना उभार (हल्का ऊपरी मेहराब) खो देता है, तारों का खिंचाव घटता है और पिच गिर जाती है। बहुत ज़्यादा सूखेपन से उसमें दरार आ सकती है।
पिनब्लॉक का सूखना
पिनब्लॉक ट्यूनिंग पिनों को घर्षण से पकड़ता है। लकड़ी सिकुड़ने पर पिनों की पकड़ ढीली पड़ती है और ट्यूनिंग खिसक जाती है।
ढीले गोंद-जोड़ और पुर्ज़े
सिकुड़ती लकड़ी पसलियों, ब्रिज और एक्शन पार्ट्स को ढीला कर देती है, जिससे खटखट, खड़खड़ाहट और भिनभिनाहट होती है।
पास में गर्मी के स्रोत
रेडिएटर, अंगीठी, हीटर, फ़र्श के नीचे की हीटिंग और सीधी धूप पियानो के एक हिस्से को दूसरे से ज़्यादा तेज़ी से सुखाते हैं।
आप ख़ुद सुरक्षित रूप से क्या जाँच सकते हैं
- 1पियानो के पास डिजिटल हाइग्रोमीटर रखें; अगर रीडिंग 35% से कम हो, तो क़दम उठाएँ।
- 2हीटर चलने के मौसम में या लंबे समय तक एसी चलने पर कमरे में ह्यूमिडिफ़ायर चलाएँ, 40–50% का लक्ष्य रखें।
- 3पियानो को हीटर, रेडिएटर और एसी के मुँह से कम से कम एक मीटर दूर और सीधी धूप से बचाकर रखें।
- 4लू चलने के दौरान खिड़कियाँ और पर्दे बंद रखें और ढक्कन बंद रखें।
- 5सूखे दिनों के बाद नई खटखट या भिनभिनाहट सुनें और नोट करें कि वे किन सुरों से आती हैं।
क्या न करें
- पियानो के अंदर पानी का कटोरा या बर्तन न रखें; वह गिर सकता है और तारों में जंग या लकड़ी में सड़न ला सकता है।
- ह्यूमिडिफ़ायर का मुँह सीधे पियानो की ओर न रखें; उसे कमरे की नमी बढ़ानी है, वाद्य को गीला नहीं करना।
- पियानो को फ़र्श के नीचे की हीटिंग के ऊपर या अंगीठी के पास न रखें।
आसान उपाय या प्रोफ़ेशनल की मदद
आमतौर पर आप ख़ुद कर सकते हैं
- नमी मापना और कमरे में ह्यूमिडिफ़ायर लगाना
- पियानो को गर्मी और एसी वेंट से दूर रखना
- लू के दौरान पर्दे बंद रखना
- लिखना कि कौन-से सुर खटखट या भिनभिनाहट करते हैं
टेक्नीशियन को बुलाएँ
- साउंडबोर्ड में दिखती दरार
- कुछ हफ़्तों में खिसकने वाली ट्यूनिंग
- खटखट या भिनभिनाहट जो जाती नहीं
- ट्यूनिंग के दौरान मिले ढीले ट्यूनिंग पिन
टेक्नीशियन क्या करेगा
टेक्नीशियन भिनभिनाहट और खटखट का स्रोत ढूँढता है, ढीले पुर्ज़ों को दोबारा चिपकाता या कसता है, पिनों का टॉर्क जाँचता है और नमी स्थिर होने पर पियानो ट्यून करता है। एक विज़िट में आमतौर पर 1–2 घंटे लगते हैं। जिन कमरों पर काबू पाना मुश्किल है, वहाँ Dampp-Chaser जैसा नमी नियंत्रण सिस्टम सूखे दिनों में नमी जोड़ता है और उमस भरे दिनों में अपने आप हटाता है।
पियानो के तारों पर लगभग 18–20 टन का खिंचाव होता है। अगर किसी उपाय में एक्शन खोलना, ट्यूनिंग पिन घुमाना या तारों के पास काम करना शामिल हो, तो उसे टेक्नीशियन पर छोड़ दें।